अंगूठी चोर : तेनालीराम की चतुराई भरी कहानी
अंगूठी चोर:-विजयनगर के महाराजा कृष्णदेव राय अपने ठाठ-बाट और शान के लिए पूरे देश में जाने जाते थे। उनके पास […]
अंगूठी चोर:-विजयनगर के महाराजा कृष्णदेव राय अपने ठाठ-बाट और शान के लिए पूरे देश में जाने जाते थे। उनके पास […]
बहुत समय पहले नारायणगढ़ नाम का एक छोटा सा लेकिन बहुत सुंदर गाँव था। चारों तरफ हरे-भरे पेड़, साफ रास्ते
बहुत समय पहले की बात है। समुद्र के किनारे एक सुंदर सा जंगल था। उसी जगह एक मोर और उसकी
बहुत समय पहले एक गाँव में एक समझदार शेख रहता था। गाँव में लोग उसकी बहुत इज्जत करते थे। वह
एक घने जंगल के किनारे एक पुराना पेड़ था। उस पेड़ पर एक कौआ रहता था और उसी पेड़ की
बहुत समय पहले एक घने और सुंदर जंगल में सभी जानवर शांति से रहते थे। वहाँ हिरण, खरगोश, बंदर, हाथी,
सुन्दरवन नाम का एक घना और सुंदर जंगल था। उस जंगल में सभी जानवर मिलजुल कर रहते थे। वहाँ का
शेर जंगल का सबसे खतरनाक और सबसे बड़ा शिकारी माना जाता है। अपनी ताकत, साहस और गरजती आवाज़ के कारण
एक छोटे से गाँव में एक गरीब किसान अपनी पत्नी के साथ रहता था। उनका घर छोटा था लेकिन दिल
घने हरे जंगल में बंदरों का एक बड़ा झुंड रहता था। पेड़ों पर कूदना, झूले झूलना और दिन भर उछल‑कूद